उत्तराखंड के 13 जिलों से 45 छात्रों को एक साथ लाया गया
देहरादून। यूपीईएस ने डिजिटल कैटेलिस्ट प्रोग्राम यानी डीसीपी 2026 को संस्थागत सहयोग दिया। यह पहल ग्रामीण और वंचित समुदायों के युवा विद्यार्थियों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी एआई लिटरेसी, डिजिटल स्किल्स, कम्प्यूटेशनल थिंकिंग और सोशल इनोवेशन क्षमताओं से लैस करने के लिए तैयार की गई है। यह 11-दिवसीय कार्यक्रम कल्पवृक्ष सस्टेनेबल डेवलपमेंट सोसाइटी की और से यूपीईएस डिपार्टमेंट ऑफ सोशल आउटरीच के सहयोग से यूपीईएस के बिधौली कैंपस में आयोजित किया गया।
इस कार्यक्रम में उत्तराखंड के 13 जिलों से 45 मेधावी छात्रों को एक साथ लाया गया, जिनमें से कई राज्य के दूरस्थ पहाड़ी और ग्रामीण क्षेत्रों से आते हैं। डॉ. सुनील राय वाइस चांसलर यूपीईएस ने कहा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस समाज और भविष्य के कामकाज के हर पहलू को तेजी से बदल रहा है। इसलिए यह आवश्यक है कि युवाओं को, उनकी भौगोलिक या सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि चाहे जो भी हो, ऐसे अवसर मिलें जो उन्हें डिजिटल कॉन्फिडेंस, क्रिटिकल थिंकिंग और प्रॉब्लम-सॉल्विंग स्किल्स विकसित करने में मदद करें।










































